बारिश में ढहा मकान, 10 वर्षीय बच्चा घायल


खकरा जामठी में हुआ हादसा, गृहस्थी का सामान भी हुआ खराब

मकान ढहने से पूरा सामान भी बर्बाद हो गया। फोटो- नवदुनिया

बैतूल। मुलतापी समाचार शहर से सटे खकरा जामठी क्षेत्र में मंगलवार शाम को बारिश के दौरान एक मकान ढह गया। इससे घर में खाना खा रहा एक बालक घायल हो गया। उसे इलाज के लिए जिला अस्पताल में भर्ती कराया है। इसके साथ ही घर में रखा पूरा सामान खराब हो गया। जानकारी के अनुसार खकरा जामठी निवासी पुष्पा परिहार का मकान कल हुई बारिश में बुरी तरह जर्जर हो गया था। शाम होते-होते पूरा मकान ही ढह गया। उस दौरान घर में पुष्पा का 10 वर्षीय पुत्र निखिल खाना खा रहा था। मकान ढहने से उसे सिर, हाथ, पैर और अन्य स्थानों पर चोट आई है। उसे जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है। पुष्पा ने बताया कि अन्य लोग घर के बाहर थे, इससे वे लोग बच गए। हालांकि घर में रखा पूरा सामान मकान गिरने से बर्बाद हो गया है। पुष्पा के अनुसार खाने-पीने का सामान तक भी नहीं बचा।

गांजा समेत 3 आरोपित गिरफ्तार, 10 किलोग्राम बरामत


मुखबिर की सूचना पर कोतवाली पुलिस ने घेराबंदी कर पकड़ा

बैतूल। मुलतापी समाचार

मोटर साइकिल पर 3 आरोपी को कोतवाली पुलिस ने मंगलवार रात में घेराबंदी कर 10 किलोग्राम गांजा लेकर आ रहे आरोपीयों को कोसमी डैम के पास दबोचा। आरोपितों के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत कार्रवाई की गई है। टीआई राजेंद्र धुर्वे ने बताया कि मंगलवार रात में मुखबिर से सूचना मिली थी कि 3 लोग मोटर साइकिल से अवैध रूप से गांजा लेकर मुलताई से बैतूल आ रहे हैं। इस पर उन्होंने उप निरीक्षक हेमंत पांडेय, सहायक उप निरीक्षक भवानीशंकर पटेल, प्रधान आरक्षक महेश टांडेकर, आरक्षक मयूर, नीलेश सोनी, नीलेश मीना, संजय पंवार की टीम के साथ रात्रि करीब 10 बजे कोसमी डैम के पास नेशनल हाईवे 69 पर घेराबंदी कर 3 आरोपितों को गिरफ्तार किया। गिरफ्तार किए गए आरोपितों में योगेश पिता दिनेश धाकड़ 26 वर्ष, सुरेंद्र पिता ओमप्रकाश मालवीय 34 वर्ष और किसन पिता फागिया पवार 40 वर्ष सभी निवासी ग्राम अंधारिया थाना आमला शामिल हैं। आरोपितों के खिलाफ धारा 8, 20 एनडीपीएस एक्ट के तहत कार्रवाई की गई है।

रक्तदान कर भाई ने बहन को दिया जन्मदिन का उपहार


बैतूल। मुलतापी समाचार

ग्रामीण रक्तदान सेवा मंडल चिचोली के सदस्य राहुल कहार ने मंगलवार अपनी बहन सलोनी के जन्मदिन पर उसे रक्तदान का तोहफा दिया। राहुल ने रक्तदान कर समाज को कुछ नया करने की तरकीब बताई। ऐसी सोच हर नागरिक की हो जाए तो कोई भी खून के कमी से अपनी जान नहीं गवाएगा। राहुल का कहना है कि रक्तदान कर किसी की जान बचाई जा सकती है। इससे बड़ी खुशी और क्या हो सकती है। इसलिए मैंने अपनी बहन का जन्म दिन रक्तदान कर मनाने का निर्णय लिया। गौरतलब है कि चिचोली निवासी शानू पति वरुण कुशवाह को इसी दौरान डिलीवरी के चलते बी पॉजिटिव रक्त की आवश्यकता थी। राहुल के रक्तदान करने के चलते महिला को रक्त उपलब्ध हो पाया। तपश्री संस्था के अध्यक्ष भूपेंद्र कहार ने राहुल द्वारा किये गए रक्तदान को एक प्रेरणा बताया और समाज के सभी युवक युवतियों को भी रक्तदान में सहयोग की अपील की। बहन के जन्मदिन के अवसर पर राहुल ने ग्राम नसीराबाद में गरीब बच्चों को पेन का फल एवं नाश्ता का भी वितरण किया।

शीत लहर के कारण बच्चों की रहेगी छुट्टी, शिक्षक करेंगे ड्यूटी


बैतूल। मंगलवार को बारिश के कारण बढ़ी सर्दी से राहत पाने प्रभातपट्टन ब्लॉक के ग्राम इकलहरा में छात्र छात्राओं के लिए जलाया अलाव।

बैतूल। मुलतापी समाचार

जिले में तापमान गिरने के कारण हो रही परेशानी को ध्यान में रखते हुए समस्त स्कूलों में 4 जनवरी तक का अवकाश घोषित कर दिया गया है। दरअसल मंगलवार को बारिश के बाद अचानक सर्द हवाओं ने लोगों को कंपकंपा दिया। सबसे अधिक परेशानी स्कूली बच्चों को हो रही थी। कलेक्टर तेजस्वी नायक के निर्देश पर जिला शिक्षा अधिकारी द्वारा मंगलवार को स्कूलों में 4 जनवरी तक का अवकाश घोषित कर दिया है। जारी किए गए आदेश के अनुसार जिले के तापमान में अत्यधिक गिरावट एवं शीत लहर के चलते विद्यालय में बच्चों के स्वास्थ्य पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ने की आशंका है। इसके मद्देनजर जिले के समस्त विद्यालयों में नर्सरी से 12वी कक्षा तक के विद्यार्थियों के लिए 1 जनवरी से 4 जनवरी तक अवकाश घोषित किया जाता है। यह आदेश जिले के समस्त शासकीय-अशासकीय विद्यालयों,सीबीएसई -आईसीएसई एवं राज्य सरकार से मान्यता प्राप्त अन्य विद्यालयों पर भी समान रूप से लागू होगा। इस अवधि में विद्यालय का शैक्षणिक एवं अन्य स्टॉफ नियमित रूप से विद्यालय में उपस्थित होकर अपने समस्त कार्य संपादित करेगा।

Bhopal – 22 दिन से आंदोलन कर रहे अतिथि विद्वानों ने विरोध में ओढ़ा कफन; बोले- जब तक नियमितिकरण नहीं, तब तक धरना


भोपाल में चल रहा अतिथि विद्वानों का धरना प्रदर्शन 22वें दिन भी जारी है। नए साल से पहले की रात विद्वानों ने कफन ओढ़कर विरोध जताया।

  • अतिथि विद्वानों की सीएम से मांग… मामले में जल्द संज्ञान लेकर करें नियमितीकरण
  • धरना प्रदर्शन कर रहे विद्वानों ने शाहजहांनी पार्क में कफन ओढ़कर किया विरोध 

भोपाल. अतिथि विद्वानों का धरना कड़ाके की सर्दी के बीच 22वें दिन भी जारी है। अतिथि विद्वानों ने मंगलवार की शाम को कफन ओढ़कर विरोध जताया। उनका कहना है कि जब तक नियमितिकरण नहीं हो जाता, हमारा धरना प्रदर्शन जारी रहेगा। इसके पहले दिन में अतिथि विद्वानों ने फैसला लिया था कि मंगलवार की रात कफन ओढ़ कर नए साल का जश्न मनाएंगे। 

अतिथि विद्वान संघर्ष मोर्चा के संयोजक डॉ देवराज सिंह ने कहा कि जब तक सरकार नियमितीकरण नहीं कर देती या फिर हमें बाहर नहीं कर देती। तब तक धरना प्रदर्शन जारी रहेगा। हमने विरोध जाहिर करने के लिए कफन ओढ़कर नए साल का जश्न मनाने का फैसला किया है। 

उनका आरोप है कि उन्हें पिछले महीनों का मानदेय भुगतान नहीं हुआ है। पीएससी से चयनित उम्मीदवारों को नियुक्ति देकर अतिथि विद्वानों को बाहर का रास्ता दिखा दिया गया। इसके बाद खाली पदों पर दोबारा से कार्य सौंपने की बात कही जा रही है, लेकिन इससे भी लाभ नहीं होगा। इसलिए सीएम से मांग है कि वे जल्द ही संज्ञान लें और उनका नियमितीकरण करें।


अभी यह मिलता है मानदेय… वर्ग-1 में सेवाएं देने वाले अतिथि शिक्षकों को 90 रुपए प्रति पीरियड मानदेय दिया जाता है। मासिक तौर यह 7 से 9 हजार रुपए होता है। वर्ग-2 में सेवा देने वाले अतिथि शिक्षकों को 75 रुपए पीरियड मानदेय दिया जाता है। मासिक तौर पर 4500 रुपए से 7 हजार रुपए होता है। इसी प्रकार वर्ग 3 के अतिथि शिक्षकों को 50 रुपए प्रति पीरियड मानदेय मिलता है।

अतिथि शिक्षकों ने कहा- स्थायी कर दें तो अगले तीन साल तक कोई धरना नहीं  
इधर, अतिथि शिक्षकों को धरना देते हुए भी तीन दिन हो गए हैं। अतिथि शिक्षक समन्वयक समिति के बैनर तले धरना दे रहे अतिथि शिक्षकों का कहना है वे जिस मानदेय में काम कर रहे हैं, उसी में स्थाई कर दें। ऐसा होता है तो वे अगले तीन साल तक कोई आंदोलन नहीं करेंगे। प्रांताध्यक्ष सुनील सिंह परिहार का कहना है कि अतिथि शिक्षकों को गुरुजी की तर्ज पर विभागीय परीक्षा लेकर उसी वेतन में स्थाई किया जा सकता है। अभी इनका भविष्य सुरक्षित नहीं होने के कारण पूरा परिवार प्रभावित होता है।

सारनी मठारदेव बाबा मेला की व्यवस्थाओं हेतु विभागों की जिम्मेदारियां प्रारंभ


बैतूल। कलेक्टर एवं जिला दंडाधिकारी तेजस्वी एस. नायक ने जिले के नगरपालिका सारणी अंतर्गत प्रतिवर्ष मकर संक्रांति पर्व पर 12 जनवरी से 22 जनवरी तक आयोजित होने वाले मठारदेव बाबा मेले में कानून एवं शांति व्यवस्था बनाए रखने के दृष्टिगत विभागों की जिम्मेदारियां तय की है।

प्राप्त जानकारी के अनुसार तहसीलदार घोड़ाडोंगरी मेला अधीक्षक एवं मुख्य नगरपालिका अधिकारी सारनी सहायक मेला अधीक्षक बनाए गए हैं। मेले में शांति एवं कानून व्यवस्था की जिम्मेदारी अनुविभागीय दंडाधिकारी शाहपुर, अनुविभागीय पुलिस अधिकारी शाहपुर, तहसीलदार एवं कार्यपालिक दंडाधिकारी घोड़ाडोंगरी को सौंपी गई है। मेले में पेयजल व्यवस्था की जिम्मेदारी कार्यपालन यंत्री लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग बैतूल एवं मुख्य नगरपालिका अधिकारी सारनी को दी गई है। इसी तरह चिकित्सा व्यवस्था मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी, विद्युत व्यवस्था अधीक्षण यंत्री मप्र मध्यक्षेत्र वितरण कंपनी लिमिटेड तथा मेले में दुकानों एवं अन्य व्यवस्था की जिम्मेदारी मुख्य नगरपालिका अधिकारी सारनी को सौंपी गई है।

पुलिस अधीक्षक बैतूल उक्त मेले में शांति एवं कानून व्यवस्था हेतु आवश्यक पुलिस बल उपलब्ध कराएंगे। अनुविभागीय दण्डाधिकारी शाहपुर मेले की सम्पूर्ण व्यवस्था हेतु उत्तरदायी रहेंगे एवं अपने निर्देशन में व्यवस्थायें सुनिश्चित करेंगे।

मनमोहन पंवार (संपादक)

9753903839

टोल बचाने के चक्‍कर मे हुआ हादसा, मुलतापी मेला आए थे लौटते समय पिकअप पलटी 18 घायल


उभारिया के पास हुई दुर्घटना, सेहरा से आए थे ग्रामीण 31बीटीएल 35 मुलताई। दुर्घटना में घायल हुए लोग। मुलताई। नवदुनिया न्यूज ग्राम सेहरा से मुलताई मेला करने आए ग्रामीणों से भरी पिकअप लौटते समय ग्राम उभारिया के पास दुर्घटनाग्रस्त हो गई, जिससे पिकअप में सवार लगभग 18 ग्रामीण घायल हो गए। बताया जा रहा है कि आरटीओ बचाने के चक्कर में चालक शार्ट कट

मुलताई। दुर्घटना में घायल हुए लोग।

मुलतापी समाचार

प्राप्त जानकारी के अनुसार सुबह ग्राम सेहरा से लगभग 18 ग्रामीण पिकअप में सवार होकर मुलताई मेला करने पहुंचे जहां से शाम लगभग पांच बजे वापस सेहरा लौट रहे थे। इसी दौरान आरटीओ बचाने के लिए चालक ने वाहन को उभारिया की तरफ से ले जाया जा रहा था कि वाहन दुर्घटनाग्रस्त हो गया, जिससे वाहन में सवार सभी ग्रामीण घायल हो गए। सूचना पर तत्काल संजीवनी 108 मौके पर पहुंची जहां से कुछ घायलों को मुलताई अस्पताल लाया गया। वहीं कुछ घायलों को तत्काल बैतूल भिजवाया गया। ग्राम सेहरा से मुलताई मेला करने आए ग्रामीणों से भरी पिकअप लौटते समय ग्राम उभारिया के पास दुर्घटनाग्रस्त हो गई, जिससे पिकअप में सवार लगभग 18 ग्रामीण घायल हो गए। बताया जा रहा है कि आरटीओ बचाने के चक्कर में चालक शार्ट कट से उभारिया होते हुए वाहन ले जा रहा था, इसी दौरान हादसा हुआ।

मुलताई अस्पताल में घायल तरूण डढोरे, शिखा राजपूत, अनिता डढोरे, अर्चना सोलंकी आयुशी, काजल, रेशमा आदि का उपचार डॉ. तोमर तथा डॉ.नागवंशी द्वारा किया गया। घायलों में बच्चे भी शामिल हैं। घायल तरूण डढोरे ने बताया कि मुलताई मेला करने आए थे। मेला करने के बाद शाम पांच बजे उभारिया की ओर से लौट रहे थे। इसी दौरान उभारिया गांव समाप्त होते ही वाहन अनियंत्रित होकर पलट गया।

मनमाेहन पंवार (संपादक)

9753903839

बैंको के सर्वर रहे ठप ग्रामिण हो रहे परेशान


किसान फार्म का सत्यापन करने बैंकों के चक्कर काट रहे किसान

बैतूल मुलताई। आज नय साल पर ग्रामिण शहरके नागरिक बैंकों के चक्‍कर काटकर परेशान हो रहें हैं। सहकारी बैंक में पिछले कुछ दिनों यह समस्‍या आ रही थी परन्‍तु आज नये साल पर प्रत्‍येक मुलताई की बैंकों में सरवर डाउन का असर छाया रहा बैंकाें में खाता धारकों की लंबी लाईन लगी रही। सरवर डाउन की वजह सेे बैंकों में लेन देन में समस्‍या देखने को मिली। एसबीआई, ग्रामीण बैंक, पोस्‍टऑफीस आदि बैंको में असर देखने को मिला।

जय किसान ऋण माफी योजना में फार्म भरने किसान फार्म के सत्यापन के लिए बैंकों के चक्कर काटकर परेशान हो रहे हैं। फार्म सत्यापन करने के लिए बैंक पहुंच रहे किसानों को अक्सर पोर्टल बंद होने का बहाना बताकर बैरंग लौटा दिया जाता है। बैंक में गुलाबी फार्म का सत्यापन समय पर नहीं होने से परेशान भी हैं। उल्लेखनीय है कि जय किसान ऋण माफी योजना के तहत द्वितीय चरण में 50 हजार रुपए से लेकर 1 लाख रुपए तक का कर्ज माफ होना है। ऋण माफी में त्रुटि होने से कई किसानों के कर्ज माफ नहीं हो पाए उनसे दोबारा फार्म भरवाए जा रहे हैं। जिन किसानों के दस्तावेज व अन्य जानकारी ठीक थी उनसे हरा, जिनका आधार कार्ड नहीं था उनसे सफेद और जिनकी मौत हो गई या फिर नाम खाता, आधार में त्रुटि है उनसे गुलाबी फार्म भरवाए थे। जिन किसानों का कर्ज माफी नहीं हुआ कोई तकनीकी खामिया थी उनसे अब द्वितीय चरण के कर्जमाफी के लिए गुलाब फार्म भरवाकर उनका सत्यापन करवाया जा रहा है। सत्यापन करवाने की अंतिम तारीख 8 जनवरी की है। ऐसे में किसान चिंतित है कि उनका फार्म का सत्यापन नहीं हुआ तो वह कर्जमाफी से वंचित रह जाएंगे। कृषि विभाग के अधिकारियों का कहना है कि किसान बैंकों में गुलाबी फार्म भरकर सत्यापन 8 जनवरी तक कर सकते है इसके बाद जो किसान छूट जाएगा उनका 15 जनवरी तक जनपद पंचायत स्तर पर सत्यापन किया जाएगा। इस मामले में उप संचालक कृषि केपी भगत का कहना है कि किसानों को फार्म भरकर सत्यापन करवाने परेशान होने की जरूरत नहीं है। बैंक द्वारा मांगे गए दस्तावेज केवल जमा करना है। सत्यापन का कार्य बैंक कर्मचारियों के द्वारा किया जाएगा।

मनमोहन पंवार (संपादक)

9753903839